देहरादून में फ़्लो बाज़ार 2026 का आगाज़, महिला उद्यमियों को मिला मंच; ‘नवरंग’ में सम्मानित हुईं प्रतिभाएं
देहरादून | 16 अक्टूबर 2026
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में महिला उद्यमिता, वेडिंग फैशन और रचनात्मकता का संगम देखने को मिला। फिक्की फ़्लो उत्तराखण्ड के वार्षिक आयोजन ‘फ़्लो बाज़ार 2026 – द वेडिंग एडिट’ का शुभारंभ शुक्रवार को मालसी स्थित द सॉलिटेयर फार्म्स में हुआ। दो दिवसीय इस प्रदर्शनी में फैशन, आभूषण, लाइफस्टाइल, सौंदर्य और शादी-विवाह से जुड़े उत्पादों व सेवाओं को एक मंच पर प्रस्तुत किया गया है।
कार्यक्रम का उद्घाटन उत्तराखण्ड सरकार के कैबिनेट मंत्री भरत सिंह चौधरी ने किया। वहीं, पहले दिन आयोजित विशेष कार्यक्रम ‘नवरंग’ में प्रसिद्ध अभिनेत्री हिमानी शिवपुरी की उपस्थिति आकर्षण का केंद्र रही। इस कार्यक्रम के जरिए महिलाओं की उपलब्धियों, आत्मविश्वास और नारी शक्ति के विविध स्वरूपों का उत्सव मनाया गया।
महिला उद्यमियों और डिजाइनरों को मिला मंच
फ़्लो बाज़ार का उद्देश्य महिला उद्यमियों, डिजाइनरों, शिल्पकारों और उभरते व्यवसायों को अपने उत्पाद प्रदर्शित करने तथा नए ग्राहकों और व्यावसायिक संपर्कों तक पहुंचने का अवसर उपलब्ध कराना है।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ हुई। फिक्की फ़्लो उत्तराखण्ड की चेयरपर्सन तृप्ति बेहल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए महिला-नेतृत्व वाले व्यवसायों को प्रोत्साहित करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे मंच महिलाओं को अपने उत्पादों की पहचान बनाने, नए संपर्क स्थापित करने और व्यापक ग्राहक वर्ग तक पहुंचने में मदद करते हैं।
मुख्य अतिथि भरत सिंह चौधरी ने महिला उद्यमियों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि आर्थिक विकास और सामुदायिक उत्थान में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण है। उद्घाटन के बाद उन्होंने प्रदर्शनी में लगे स्टॉलों का भ्रमण किया और प्रतिभागियों से उनके उत्पादों व व्यवसायों के बारे में जानकारी ली।
‘नवरंग’ में नारी शक्ति के विविध स्वरूपों का सम्मान
फ़्लो बाज़ार 2026 के पहले दिन का प्रमुख आकर्षण ‘नवरंग’ रहा। मां दुर्गा के नौ रंगों से प्रेरित इस आयोजन में महिलाओं के साहस, आत्मविश्वास, गरिमा, दृढ़ता और विशिष्ट व्यक्तित्व को केंद्र में रखा गया।
प्रसिद्ध अभिनेत्री हिमानी शिवपुरी इस कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुईं। आयोजन के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं की उपलब्धियों और प्रेरणादायक यात्राओं को सम्मानित किया गया।
समारोह में स्टाइल डीवा, ग्लैमर क्वीन, ट्रेलब्लेजर, शक्ति आइकन, फियरलेस फेम, इटरनल शक्ति, इन्फ्लुएंसर ऑफ द ईवनिंग, पावरहाउस वुमन और ग्रेस एंड ग्रांडेअर जैसी विशेष उपाधियां प्रदान की गईं। इन सम्मानों के माध्यम से महिलाओं की रचनात्मकता, व्यक्तित्व, आत्मविश्वास और योगदान को सराहा गया।
इस अवसर पर भाजपा उत्तराखण्ड की प्रदेश सचिव नेहा जोशी भी मौजूद रहीं। उन्होंने प्रदर्शनी के विभिन्न स्टॉलों का भ्रमण कर प्रतिभागियों से संवाद किया और उनके प्रयासों के लिए प्रमाणपत्र प्रदान किए। उन्होंने कहा कि फ़्लो बाज़ार जैसे आयोजन महिला उद्यमियों को पहचान दिलाने और उनके व्यवसाय को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
वेडिंग शॉपिंग के साथ रचनात्मक गतिविधियां भी
फ़्लो बाज़ार में शादी-विवाह, त्योहारों और लाइफस्टाइल से जुड़ी खरीदारी के लिए कई विकल्प उपलब्ध कराए गए हैं। फैशन और आभूषणों से लेकर सौंदर्य उत्पादों, उपहारों तथा विवाह संबंधी सेवाओं तक, आगंतुकों को एक ही स्थान पर विविध विकल्प मिल रहे हैं।
खरीदारी के साथ लोगों के लिए फेस पेंटिंग, पोटली पर्स को अपनी पसंद के अनुसार सजाने, परफ्यूम बनाने और पारंपरिक ब्लॉक प्रिंटिंग जैसी गतिविधियां भी रखी गई हैं। इससे प्रदर्शनी को खरीदारी के साथ रचनात्मक अनुभव से जोड़ने का प्रयास किया गया है।
यह दो दिवसीय आयोजन 16 और 17 अक्टूबर को सुबह 11 बजे से रात 8 बजे तक आयोजित किया जा रहा है।
दूसरे दिन वेडिंग डेस्टिनेशन और भारतीय परिधानों पर रहेगा फोकस
प्रदर्शनी के दूसरे दिन, शनिवार 17 अक्टूबर को ‘उत्तराखण्ड एस ए वेडिंग डेस्टिनेशन: द बिजनेस ऑफ वेडिंग्स’ विषय पर पैनल चर्चा आयोजित की जाएगी। इसमें उत्तराखण्ड में विवाह पर्यटन की संभावनाओं और राज्य को प्रमुख वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने से जुड़े व्यावसायिक अवसरों पर चर्चा होगी।
आयोजकों के अनुसार, दूसरे दिन उत्तराखण्ड सरकार के पर्यटन विभाग की अपर निदेशक पूनम चंद, रीवा की राजकुमारी मोहिना कुमारी सिंह और फिक्की फ़्लो की राष्ट्रीय पूर्व अध्यक्ष डॉ. कुसुम अंसल सहित कई विशिष्ट अतिथि शामिल होंगे।
दूसरे दिन का एक अन्य प्रमुख आकर्षण ‘ब्राइड्स ऑफ इंडिया – द सिग्नेचर वेडिंग फैशन वॉक’ होगा। इसमें फिक्की फ़्लो की सदस्य भारत के विभिन्न राज्यों की दुल्हनों के पारंपरिक परिधानों में रैंप वॉक करेंगी। इस प्रस्तुति के माध्यम से भारतीय विवाह परंपराओं, क्षेत्रीय परिधानों और देश की सांस्कृतिक विविधता को प्रदर्शित किया जाएगा।
फ़्लो बाज़ार 2026 के जरिए महिला उद्यमिता को बढ़ावा देने के साथ देहरादून में वेडिंग फैशन, खरीदारी और रचनात्मक व्यवसायों को एक साझा मंच प्रदान करने की पहल की गई है।






