मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना से 123 युवाओं को मिला विदेश में रोजगार

मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना: 123 युवाओं को विदेश में रोजगार

मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना के तहत जापान, जर्मनी, सऊदी अरब और यूएई में युवाओं को मिल रहे रोजगार के अवसर

Dehradun | July 02, 2026

उत्तराखंड सरकार की मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना प्रदेश के युवाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय रोजगार का मजबूत माध्यम बनकर उभरी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की इस महत्वाकांक्षी पहल के तहत वर्ष 2023 से अब तक 123 युवाओं को विभिन्न देशों में रोजगार मिल चुका है। इससे युवाओं को वैश्विक स्तर पर करियर बनाने के साथ आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्राप्त हो रहा है।

सरकारी आंकड़ों के अनुसार, योजना के तहत अब तक 65 युवाओं को जापान, 30 युवाओं को सऊदी अरब और एक युवती को जर्मनी में रोजगार मिल चुका है। इसके अलावा हाल ही में 27 युवाओं का संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में हॉस्पिटैलिटी एवं होटल मैनेजमेंट सेक्टर के लिए चयन हुआ है। चयनित अभ्यर्थियों की वीजा और दस्तावेज़ी प्रक्रिया जारी है।

📌 यह भी पढ़ें: देश की प्रमुख खबरें

विदेशों में रोजगार के लिए युवाओं को तैयार करने के उद्देश्य से देहरादून स्थित सेवायोजन कार्यालय परिसर में प्रतिदिन जर्मन भाषा की तीन और जापानी भाषा की दो कक्षाएं संचालित की जा रही हैं। वहीं बागेश्वर में जापानी और अल्मोड़ा में जर्मन भाषा की ऑनलाइन कक्षाओं का भी संचालन किया जा रहा है। प्रत्येक बैच में 20 से 30 प्रशिक्षार्थियों को आठ माह का भाषा प्रशिक्षण दिया जाता है।

आठ माह के इस प्रशिक्षण की कुल फीस 64 हजार रुपये निर्धारित है, जिसमें राज्य सरकार 20 प्रतिशत शुल्क का अनुदान देती है। यदि कोई अभ्यर्थी प्रशिक्षण के लिए ऋण लेता है तो उस पर देय 75 प्रतिशत ब्याज भी सरकार वहन करती है। आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं के लिए जर्मन भाषा प्रशिक्षण पूरी तरह निःशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है।

भाषा प्रशिक्षण पूरा करने वाले युवाओं को नर्सिंग, हेल्थकेयर, एल्डरली केयर, हॉस्पिटैलिटी, कंस्ट्रक्शन और अन्य तकनीकी क्षेत्रों में विदेशों में रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है। प्रशिक्षण के दौरान सहसपुर स्थित छात्रावास में अभ्यर्थियों को प्रतिदिन 220 रुपये की दर से निःशुल्क आवास और भोजन की सुविधा भी दी जा रही है।

उधम सिंह नगर की प्रशिक्षार्थी रुचिका अधिकारी ने बताया कि वह पिछले तीन माह से जापानी भाषा का प्रशिक्षण ले रही हैं। उनके अनुसार, सरकार की ओर से उपलब्ध कराई जा रही आवास और भोजन की सुविधा से प्रशिक्षण प्राप्त करना काफी आसान हो गया है।

क्षेत्रीय सेवायोजन अधिकारी ममता चौहान नेगी ने बताया कि मुख्यमंत्री की इस योजना के माध्यम से लगातार युवाओं को अंतरराष्ट्रीय रोजगार के अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि नर्सिंग, हेल्थकेयर, कृषि और सेवा क्षेत्र में उत्तराखंड के युवाओं की मांग बढ़ रही है।

उपनिदेशक सेवायोजन चंद्रकांता ने कहा कि विभाग का लक्ष्य अधिक से अधिक युवाओं को विदेशी भाषाओं का प्रशिक्षण देकर अंतरराष्ट्रीय रोजगार से जोड़ना है। इसके लिए विभिन्न देशों की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षण और प्लेसमेंट की प्रक्रिया लगातार संचालित की जा रही है।

3.30 लाख रुपये मासिक वेतन पर जर्मनी पहुंचीं सपना राणा

मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना के तहत जर्मन भाषा का प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद सपना राणा का चयन जर्मनी में नर्स के पद पर 3.30 लाख रुपये प्रतिमाह वेतन पर हुआ। सपना ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग का आभार जताते हुए कहा कि उचित मार्गदर्शन और गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण के कारण उनका विदेश में रोजगार पाने का सपना साकार हुआ। उन्होंने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं के लिए यह योजना बेहतर भविष्य और आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण अवसर प्रदान कर रही है।

The India Vox

The India Vox Editorial Team उत्तराखंड, राष्ट्रीय, शिक्षा, रोजगार, पर्यटन, स्वास्थ्य और जनहित से जुड़े विषयों पर तथ्यात्मक एवं निष्पक्ष समाचार प्रकाशित करता है। हमारी संपादकीय टीम विश्वसनीय स्रोतों और आधिकारिक सूचनाओं के आधार पर पाठकों तक सटीक जानकारी पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

Next Post

उत्तराखंड मानसून मॉक ड्रिल: मुख्यमंत्री धामी ने आपदा प्रबंधन को लेकर दिए अहम निर्देश

Thu Jul 2 , 2026
उत्तराखंड मानसून मॉक ड्रिल के दौरान CM धामी ने आपदा प्रबंधन को लेकर दिए अहम निर्देश 13 जिलों की आपदा प्रबंधन योजनाओं का हुआ विमोचन, 72 घंटे में मांगी समीक्षा रिपोर्ट Dehradun | July 02, 2026 मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को आईटी पार्क, देहरादून में आयोजित राज्य स्तरीय […]
उत्तराखंड मानसून मॉक ड्रिल: मुख्यमंत्री धामी ने आपदा प्रबंधन को लेकर दिए अहम निर्देश

You May Like

Chief Editor

Ravi Priyanshu

Ravi Priyanshu is a journalist, novelist, and Founder & Editor-in-Chief of The India Vox. With 23+ years of experience, he is dedicated to credible journalism and meaningful storytelling.

Share