उत्तरकाशी वन कर्मी की दर्दनाक मौत से वन विभाग में शोक, ठडूंग बीट में आग बुझाने के बाद घर लौटते समय हुआ हादसा
Uttarkashi | June 18, 2026
टौंस वन प्रभाग, पुरोला के अंतर्गत ठडूंग बीट में जंगल की आग बुझाने के दौरान वन विभाग के एक कर्मचारी की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान वन बीट अधिकारी सोहन सिंह रावत के रूप में हुई है। घटना के बाद वन विभाग, स्थानीय ग्रामीणों और क्षेत्रवासियों में शोक की लहर दौड़ गई है।
जानकारी के अनुसार 17 जून की शाम पुरोला रेंज के अंतर्गत ठडूंग बीट के कक्ष संख्या-4 में जंगल में आग लगने की सूचना मिली थी। आग पर नियंत्रण पाने के लिए वन बीट अधिकारी सोहन सिंह रावत को मौके पर भेजा गया। उन्होंने लीसा कूप संख्या-2 के श्रमिकों के साथ मिलकर देर शाम तक आग बुझाने का कार्य किया।
बताया जा रहा है कि आग पर काबू पाने के बाद श्रमिक अपने डेरे की ओर लौट गए, जबकि सोहन सिंह रावत घर के लिए रवाना हुए। देर रात तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की और वन विभाग को सूचना दी।
सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम, परिजन और ग्रामीण संयुक्त रूप से खोज अभियान में जुट गए। काफी तलाश के बाद सोहन सिंह रावत का शव कंडार के नीचे सिरोड़ा खड्ड के समीप एक गहरी खाई में मिला। प्रारंभिक आशंका है कि आग बुझाने के बाद वापस लौटते समय पहाड़ी रास्ते पर उनका पैर फिसल गया, जिससे वे खाई में गिर गए और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
वन विभाग की टीम ने देर रात शव को खाई से बाहर निकालकर पुरोला उप जिला अस्पताल पहुंचाया। आवश्यक पंचनामा और अन्य कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
घटना की सूचना मिलने पर टौंस वन प्रभाग के उप वन संरक्षक (डीएफओ) डीपी बलूनी मृतक के गांव पहुंचे और शोक संतप्त परिवार से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की। उन्होंने परिवार को हरसंभव सहायता का आश्वासन भी दिया।
डीएफओ डीपी बलूनी ने कहा कि यह बेहद दुखद घटना है। विभाग के सभी अधिकारी और कर्मचारी इस दुर्घटना से स्तब्ध हैं। मामले की जानकारी जिलाधिकारी समेत उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
वहीं, पुरोला विधायक दुर्गेश्वर लाल ने भी घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वन विभाग में फॉरेस्ट गार्ड के पद पर कार्यरत युवा कर्मी सोहन सिंह रावत जंगल की आग बुझाते हुए कर्तव्य पालन के दौरान वीरगति को प्राप्त हुए हैं। पर्यावरण और प्रकृति की रक्षा के लिए दिया गया उनका सर्वोच्च बलिदान सदैव याद रखा जाएगा। उन्होंने इसे पूरे मंजियाली क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति बताया।
सोहन सिंह रावत की असामयिक मृत्यु से क्षेत्र में शोक का माहौल है और स्थानीय लोगों ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की है।
